UP में मानसून की एंट्री, वाराणसी-कुशीनगर समेत 10 जिलों में बारिश का अलर्ट, गर्मी से मिलेगी राहत
उत्तर प्रदेश में भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। लंबे इंतजार के बाद आखिरकार मानसून ने यूपी में दस्तक दे दी है। मंगलवार को मानसून बलिया जिले के रास्ते प्रदेश में प्रवेश कर गया। इसके साथ ही पूर्वांचल के कई जिलों में मौसम का मिजाज बदलने लगा है। आसमान में बादलों की आवाजाही बढ़ गई है और बारिश की उम्मीद भी तेज हो गई है।
मौसम विभाग के अनुसार मानसून की सक्रियता अब धीरे-धीरे उत्तर प्रदेश के दूसरे हिस्सों की ओर बढ़ रही है। वाराणसी, कुशीनगर समेत करीब 10 जिलों में बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया गया है। माना जा रहा है कि आने वाले दो से तीन दिनों में पूर्वांचल के कई जिलों में मानसूनी बारिश देखने को मिल सकती है।
बलिया के रास्ते यूपी में पहुंचा मानसून
इस बार मानसून के आने में थोड़ी देरी देखने को मिली। सामान्य तौर पर मानसून जून के मध्य तक उत्तर प्रदेश में पहुंच जाता है, लेकिन इस बार इसकी रफ्तार कुछ धीमी रही। मानसून बिहार के रास्ते आगे बढ़ने के बाद कुछ दिनों तक ठहर गया था। लोगों को लगातार गर्मी और उमस का सामना करना पड़ रहा था।
पहले अनुमान लगाया जा रहा था कि मानसून सोनभद्र के रास्ते प्रदेश में प्रवेश करेगा, लेकिन मौसम की स्थिति बदलने के कारण मानसून ने बलिया जिले की पूर्वी सीमा के रास्ते यूपी में दस्तक दी। मंगलवार को मानसूनी बादलों की सक्रियता बढ़ी और प्रदेश में बारिश का दौर शुरू होने की उम्मीद बढ़ गई।
मानसून के आने से सबसे ज्यादा राहत किसानों को मिलने की उम्मीद है। खेती के लिए बारिश का इंतजार कर रहे किसान अब खेतों की तैयारी में जुट सकते हैं। अच्छी बारिश होने पर खरीफ फसलों की बुवाई को भी फायदा मिलेगा।
वाराणसी-कुशीनगर समेत इन जिलों में बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने पूर्वांचल के कई जिलों में बारिश को लेकर चेतावनी जारी की है। वाराणसी, कुशीनगर के अलावा आजमगढ़, मऊ, गाजीपुर, सोनभद्र, मीरजापुर, भदोही, चंदौली और जौनपुर में मानसूनी गतिविधियां बढ़ने की संभावना जताई गई है।
माना जा रहा है कि बलिया से आगे बढ़ने के बाद मानसून जल्द ही आसपास के जिलों को प्रभावित करेगा। इससे लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी और तापमान में भी गिरावट आने की संभावना है।
पिछले कुछ दिनों से पूर्वांचल में गर्मी का असर काफी ज्यादा था। तेज धूप और गर्म हवाओं ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी थी। अब मानसून की एंट्री के बाद मौसम में बदलाव की उम्मीद है।
मानसून की रफ्तार में आई तेजी
मौसम विभाग लगातार मानसून की स्थिति पर नजर बनाए हुए है। शुरुआती दौर में मानसून की रफ्तार धीमी रही, लेकिन अब इसकी सक्रियता बढ़ती दिख रही है। मानसूनी रेखा बिहार से होते हुए उत्तर प्रदेश की ओर आगे बढ़ी और आखिरकार बलिया के रास्ते प्रदेश में प्रवेश कर गई।
सोनभद्र क्षेत्र में भी मानसून पहुंचने के करीब है। वहां के लोग भी बारिश का इंतजार कर रहे हैं। ग्रामीण इलाकों में मानसून सिर्फ मौसम बदलाव नहीं बल्कि खेती और रोजमर्रा की जिंदगी से जुड़ी उम्मीद लेकर आता है।
हालांकि मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि इस बार अलनीनो के प्रभाव के कारण बारिश सामान्य से कुछ कम हो सकती है। इसके बावजूद मानसून की सक्रियता से तापमान में कमी और मौसम में राहत जरूर देखने को मिलेगी।
गर्मी से राहत की उम्मीद, किसानों के लिए नई उम्मीद
मानसून की दस्तक के बाद उत्तर प्रदेश में मौसम का रुख बदलने लगा है। बादलों की आवाजाही और बारिश की संभावना से लोगों के चेहरे पर राहत दिखाई दे रही है। लंबे समय से बारिश का इंतजार कर रहे लोग अब अच्छी बारिश की उम्मीद कर रहे हैं।
किसानों के लिए मानसून बेहद महत्वपूर्ण होता है क्योंकि खरीफ फसलों की शुरुआत इसी बारिश पर निर्भर रहती है। अगर आने वाले दिनों में मानसून लगातार सक्रिय रहा तो खेती-किसानी को बड़ा फायदा मिल सकता है।
कुल मिलाकर उत्तर प्रदेश में मानसून की एंट्री ने गर्मी से परेशान लोगों को बड़ी राहत दी है। भले ही मानसून कुछ देरी से आया है, लेकिन अब इसके आगे बढ़ने से पूर्वांचल समेत पूरे प्रदेश में बारिश का दौर शुरू होने की उम्मीद है। आने वाले दिनों में मौसम का यह बदलाव लोगों के लिए राहत और किसानों के लिए नई उम्मीद लेकर आ सकता है।