लंबे समय से गायब 3 शिक्षिकाओं और 14 शिक्षामित्रों पर कार्रवाई की तैयारी, सेवा समाप्ति का रास्ता साफ
गौतमबुद्ध नगर जिले के बेसिक शिक्षा विभाग में लंबे समय से बिना सूचना के गायब चल रहे शिक्षकों और शिक्षामित्रों पर अब सख्ती की तैयारी शुरू हो गई है। जिले के अलग-अलग ब्लॉक में तैनात तीन महिला शिक्षिकाएं कई महीनों से नहीं बल्कि वर्षों से स्कूल नहीं पहुंच रही हैं। इसके अलावा 14 शिक्षामित्र भी लंबे समय से अनुपस्थित चल रहे हैं।
विभाग की ओर से कई बार नोटिस जारी किए जाने के बाद भी इन शिक्षकों और शिक्षामित्रों की तरफ से कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया है। जिसके बाद अब इनकी सेवा समाप्ति की प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी की जा रही है।
वर्षों से स्कूल नहीं पहुंच रहीं शिक्षिकाएं
जानकारी के अनुसार जेवर, बिसरख और दादरी ब्लॉक की एक-एक शिक्षिका लंबे समय से गायब हैं। इनमें एक शिक्षिका वर्ष 2018 से स्कूल नहीं पहुंची हैं। वहीं अन्य दो शिक्षिकाएं भी साल 2024 से बिना किसी सूचना के अनुपस्थित चल रही हैं।
विभागीय अधिकारियों ने बताया कि सभी खंड शिक्षा अधिकारियों से उनके क्षेत्रों में लंबे समय से गायब चल रहे शिक्षकों की जानकारी मांगी गई थी। जांच के दौरान पता चला कि जिले में तीन शिक्षिकाएं और 14 शिक्षामित्र ऐसे हैं, जिन्होंने बिना किसी अनुमति या सूचना के स्कूल आना बंद कर दिया है।
इन सभी को अपना पक्ष रखने के लिए नोटिस जारी किए गए थे, लेकिन तय समय सीमा के अंदर किसी ने भी जवाब नहीं दिया। इसके बाद विभाग की ओर से दोबारा कारण बताओ नोटिस जारी किए गए। इसके बाद भी कोई जवाब नहीं मिलने पर सुनवाई के लिए आगे की प्रक्रिया शुरू की गई।
नौकरी छोड़ने के लिए नियमों का पालन जरूरी
बेसिक शिक्षा विभाग के नियमों के अनुसार अगर कोई शिक्षक नौकरी छोड़ना चाहता है तो उसे विभाग को पहले से सूचना देनी होती है। इसके लिए तीन महीने पहले नोटिस देना या तीन महीने का मूल वेतन जमा करना जरूरी होता है।
विभाग के अनुसार गायब चल रहे किसी भी शिक्षक ने इन नियमों का पालन नहीं किया है। बिना सूचना लंबे समय तक अनुपस्थित रहना विभागीय नियमों का उल्लंघन माना जा रहा है।
पहले भी हो चुकी है कार्रवाई
गौतमबुद्ध नगर जिले में इससे पहले भी लंबे समय तक गायब रहने वाले शिक्षकों पर कार्रवाई हो चुकी है। वर्ष 2014, 2017, 2018, 2019 और 2020 के दौरान कई शिक्षक बिना छुट्टी लिए गायब मिले थे। इनमें बिसरख, दादरी, दनकौर और जेवर ब्लॉक के शिक्षक शामिल थे। उनकी सेवाएं पहले ही समाप्त की जा चुकी हैं।
इन शिक्षिकाओं पर हो सकती है कार्रवाई
मीनाक्षी यादव – प्राथमिक विद्यालय जलपुरा, बिसरख (2024 से अनुपस्थित)
करुणा अग्रवाल – प्राथमिक विद्यालय रबूपुरा-2, जेवर (2018 से अनुपस्थित)
दिशा अग्रवाल – उच्च प्राथमिक विद्यालय जमशेदपुर, दादरी (2024 से अनुपस्थित)
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी राहुल पंवार ने बताया कि लंबे समय से गायब शिक्षकों की जानकारी जुटाई जा रही है। संबंधित शिक्षकों के दस्तावेजों की जांच के बाद नियमों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। विभाग की ओर से जल्द ही सेवा समाप्ति की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा सकती है।