कर्मचारियों को बड़ी राहत: 4% DA बढ़ाने का ऐलान, 1 अप्रैल से लागू होगा नया भत्ता
महंगाई के बढ़ते दौर में कर्मचारियों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। सिख धर्म की प्रमुख प्रबंधन संस्था शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) ने अपने कर्मचारियों के महंगाई भत्ते (DA) में 4 प्रतिशत की बढ़ोतरी करने का फैसला किया है। यह नई बढ़ोतरी 1 अप्रैल से लागू होगी, जिससे संस्था में कार्यरत कर्मचारियों की सैलरी में सीधा फायदा देखने को मिलेगा।
इस घोषणा की जानकारी SGPC के अध्यक्ष हरजिंदर सिंह धामी ने अमृतसर में आयोजित एक धार्मिक कार्यक्रम के दौरान दी। उनका कहना था कि बढ़ती महंगाई को देखते हुए कर्मचारियों को आर्थिक राहत देना जरूरी हो गया था।
अमृतसर में धार्मिक सभा के दौरान हुआ ऐलान
यह घोषणा अमृतसर स्थित गुरुद्वारा श्री मंजी साहिब दीवान हॉल में आयोजित एक विशेष धार्मिक कार्यक्रम के दौरान की गई। यह कार्यक्रम नए नानकशाही संवत 558 के आगमन के अवसर पर आयोजित किया गया था, जहां अखंड पाठ साहिब का भोग डाला गया।
सभा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे और पूरे परिसर में भक्ति व श्रद्धा का माहौल देखने को मिला। इसी मौके पर कर्मचारियों से जुड़ी यह अहम घोषणा भी की गई, जिसे संगत और कर्मचारियों ने सराहा।
कर्मचारियों के कल्याण पर जोर
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए SGPC अध्यक्ष ने कहा कि संस्था हमेशा से अपने कर्मचारियों के कल्याण, सुविधाओं और कार्य परिस्थितियों को बेहतर बनाने के लिए प्रयास करती रही है। उनके अनुसार, गुरुद्वारों में सेवा करने वाले कर्मचारी केवल नौकरी नहीं करते बल्कि यह एक सेवा और जिम्मेदारी भी होती है।
उन्होंने कहा कि संगत की सेवा करते समय अनुशासन, समर्पण और सिख परंपराओं का सम्मान बनाए रखना हर कर्मचारी की जिम्मेदारी है।
ड्यूटी के दौरान पारंपरिक सिख पोशाक अनिवार्य
इस मौके पर कर्मचारियों के लिए एक और महत्वपूर्ण निर्देश जारी किया गया। SGPC अध्यक्ष ने कहा कि अब सभी कर्मचारियों को ड्यूटी के दौरान पारंपरिक सिख पोशाक, यानी कुर्ता-पायजामा पहनना अनिवार्य होगा।
उनका मानना है कि गुरु घरों में सेवा करने वाले कर्मचारियों का पहनावा और व्यवहार सिख संस्कृति और परंपराओं को दर्शाना चाहिए। इससे गुरुद्वारों की गरिमा और पवित्रता भी बनी रहती है।
ड्यूटी से पहले आध्यात्मिक अनुशासन
धामी ने कर्मचारियों को यह भी सलाह दी कि वे अपने काम की शुरुआत आध्यात्मिक अनुशासन के साथ करें। उन्होंने कहा कि सभी कर्मचारी ड्यूटी शुरू करने से पहले सामूहिक रूप से मूल मंत्र का पाठ करें और ‘वाहेगुरु’ गुरमंत्र का जाप करें।
उनके अनुसार, इससे न केवल व्यक्ति के व्यवहार में सकारात्मक बदलाव आता है बल्कि संस्था की मर्यादा और अनुशासन भी मजबूत होता है।
कार्यक्रम में गुरबानी कीर्तन और अरदास
कार्यक्रम के दौरान हरमंदिर साहिब के हजूरी रागी जत्थे ने गुरबानी कीर्तन प्रस्तुत किया, जिसका नेतृत्व भाई हरजीत सिंह ने किया। वहीं अरदास भाई प्रेम सिंह ने की और ग्रंथी सिंह साहिब ज्ञानी परविंदरपाल सिंह ने हुकमनामा के बाद संगत के साथ आध्यात्मिक विचार साझा किए।